...पर हुआ क्या?हाथ छूटा, साथ छूटा,कसमें टूटी, वादा टूटा,और दुनिया की तो छोड़,तू भी मुझसे रूठा,जबकि तू भी जानता है,कौन सच्चा कौन झूठा पीताम्बर जी अच्छा लिख रहीं हैं आप .....लिखती रहे .....!!
...पर हुआ क्या?
ReplyDeleteहाथ छूटा, साथ छूटा,
कसमें टूटी, वादा टूटा,
और दुनिया की तो छोड़,
तू भी मुझसे रूठा,
जबकि तू भी जानता है,
कौन सच्चा कौन झूठा
पीताम्बर जी अच्छा लिख रहीं हैं आप .....लिखती रहे .....!!